बहुब्रीहि समास

बहुब्रीहि समास – जिस समस का न प्रथम पद प्रधान हो और न ही द्वितीय पद प्रधान हो , बल्कि इसको मिलाकर तीसरे पद का निर्माण हो तो वह बहुब्रीहि समास कहलाता हें|

उदाहरण– * चक्रपाणि,लम्बोदर, निशाचर,बरहासिघा,त्रिनेत्र,पंचानन,पंचवटी,चतुरानन,प्रधानमन्त्री,गिरिधर, अजातशत्रु,पंकज आदि शब्द

दशानन – दस हें अन्न जिसके = अर्थात- रावण (बहुब्रीहि समास)

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *